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Startup Success: ₹50,000 की उधारी और भाई-बहन का फेलियर! फिर क्या सीखा कि आज है ₹40,000 रोज़ की सेल?

ठाणे के गणेश साठे ने 50K उधार से ठेला लगाया, नुकसान झेला, फिर बेंगलुरु स्टाइल में कमबैक! बहन संग इंस्टा वायरल, अब पक्की दुकान। हार से जीत का सीक्रेट फॉर्मूला जानें – आप भी ट्राई करेंगे?

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स्ट्रीट फूड बिजनेस आजकल युवाओं के बीच पॉपुलर है, लेकिन इसमें सफल होना आसान नहीं। 23 साल के गणेश साठे ने ठाणे में अपनी मां के स्पेशल बेन्ने डोसा से साबित कर दिखाया। कर्नाटक के दावणगेरे की यह डिश शुद्ध सफेद मक्खन से बनती है, जो मुंह में घुलने वाला स्वाद देती है। 2023 में छोटे ठेले से शुरूआत करने वाले गणेश पहले भारी नुकसान झेल चुके थे। बहन सपना के साथ मिलकर उन्होंने सीखा, बदला और अक्टूबर 2025 में ‘द बेन्ने’ लॉन्च कर आज 40,000 रुपये रोजाना कमा रहे हैं। यह कहानी हार-जीत की सच्ची मिसाल है।

Startup Success: ₹50,000 की उधारी और भाई-बहन का फेलियर! फिर क्या सीखा कि आज है ₹40,000 रोज़ की सेल?

शुरुआती दिनों का कड़वा अनुभव

गणेश सीए की तैयारी छोड़ खुद का बिजनेस शुरू करना चाहते थे। जनवरी 2023 में माता-पिता से 50,000 रुपये लेकर घर के पुराने ठेले पर डोसा बेचना शुरू किया। मां का स्वाद तो लाजवाब था, लेकिन लोकेशन खराब, लाइटिंग की कमी और बारिश ने खेल बिगाड़ दिया। पहले वीकेंड पर 3,000 रुपये कमाई होती थी, जो घटकर 200 रुपये रह गई। 2024 तक नुकसान इतना हुआ कि गणेश ने सब बंद कर दिया।

प्रेरणा और गलतियों का विश्लेषण

बेंगलुरु के फेमस डोसा जोड़ों का विजिट ने आंखें खोल दीं। वहां के सेटअप, स्वाद और मार्केटिंग देखकर गणेश को अपनी कमियां पता चलीं। रतन टाटा की एक मोटिवेशनल बात ने जोश भरा। उन्होंने ठेले पर इंस्पिरेशन वाला मैसेज लिखा, मां को मनाया और 30,000 रुपये लोन से ठेले को मॉडर्न लुक दिया।

नया लॉन्च और ग्राहकों का तूफान

अक्टूबर 2025 में ‘द बेन्ने’ का ग्रैंड री-लॉन्च। सोशल मीडिया पर स्ट्रगल स्टोरी शेयर की, जो हिट हो गई। ग्राहक 20 से कूदकर 300-400 रोजाना। ढाई घंटे में स्टॉक क्लियर! पुणे का प्रीमियम मक्खन और फ्रेश सामग्री ने कमाल कर दिया। अब दैनिक टर्नओवर 40,000 रुपये।

डोसा प्राइस टेबल

आइटमकीमत (रुपये)
प्लेन बेन्ने डोसा80
मसाला बेन्ने डोसा100
चीज बेन्ने डोसा150
स्पेशल फैमिली पैक500

स्थायी दुकान की प्लानिंग

नगर निगम की दिक्कतें और लंबी कतारें देख भाई-बहन ने पक्की दुकान ली। वही पुराना स्पॉट! कमाई और पैरेंट्स की मदद से सेटअप चल रहा। इंस्टाग्राम पर 5,000+ फॉलोअर्स के साथ अपडेट्स शेयर कर रहे। जल्द फिक्स्ड लोकेशन पर सर्विस शुरू।

गणेश की जर्नी बताती है कि स्ट्रीट फूड में क्वालिटी, मार्केटिंग और पेशेंस जरूरी। छोटी शुरुआत बड़ी सफलता ला सकती है। युवा उद्यमियों के लिए परफेक्ट इंस्पिरेशन!

Author
info@stjohnscoeasptkmm.in

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