
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (PM-KISAN) योजना को लेकर अक्सर किसानों के मन में यह सवाल रहता है कि क्या वे किसान भी इसका लाभ उठा सकते हैं जो दूसरों की ज़मीन पर खेती (बटाई या किराये पर) करते हैं, 2026 में योजना की अगली किस्तों और पात्रता नियमों को लेकर स्थिति पूरी तरह स्पष्ट है।
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किसे मिलेगा लाभ और कौन रहेगा बाहर?
पीएम किसान योजना के मौजूदा दिशा-निर्देशों के अनुसार, इसका लाभ केवल उन्हीं किसानों को मिलता है जिनके नाम पर कृषि योग्य भूमि (Cultivable Land) सरकारी रिकॉर्ड में दर्ज है।
- बटाईदार और किरायेदार किसान: यदि आप किसी और की जमीन पर खेती करते हैं, तो आप इस योजना के लिए पात्र नहीं हैं। नियम के मुताबिक, ज़मीन का मालिकाना हक होना अनिवार्य है।
- भूमिहीन किसान: वे किसान जिनके पास अपनी कोई ज़मीन नहीं है और वे केवल दूसरों के खेतों में मज़दूरी या बटाई करते हैं, उन्हें इस योजना का पैसा नहीं दिया जाता।
2026 के लिए मुख्य पात्रता शर्तें
अगर आप आवेदन करना चाहते हैं, तो 2026 के लिए इन नियमों का पालन करना होगा:
- आवेदक के नाम पर स्वयं की खेती योग्य ज़मीन के कागजात होने चाहिए।
- 2026 की आगामी 22वीं किस्त के लिए e-KYC अनिवार्य है। इसके बिना पैसा खाते में नहीं आएगा।
- आपका बैंक खाता आधार से लिंक और डीबीटी (DBT) के लिए सक्रिय होना चाहिए।
- परिवार (पति, पत्नी और नाबालिग बच्चे) में से केवल एक व्यक्ति ही इस योजना का लाभ ले सकता है।
किन्हें नहीं मिलता लाभ? (अपवर्जन श्रेणियाँ)
कुछ विशेष परिस्थितियों में ज़मीन होने के बावजूद किसान अपात्र हो सकते हैं:
- संस्थागत भूमि धारक (जैसे मंदिर, ट्रस्ट या संस्था की जमीन)।
- परिवार का कोई सदस्य जो सरकारी कर्मचारी (ग्रुप डी को छोड़कर) हो या संवैधानिक पद पर हो।
- आयकर (Income Tax) भरने वाले किसान।
- ₹10,000 से अधिक मासिक पेंशन पाने वाले सेवानिवृत्त व्यक्ति।
अगली किस्त का इंतज़ार
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, पीएम किसान की 22वीं किस्त फरवरी 2026 में जारी होने की संभावना है, किसान अपनी पात्रता और स्टेटस की जांच आधिकारिक PM-Kisan पोर्टल पर जाकर कर सकते हैं।
















